• प्रश्न- क्या हमे आई. कार्ड भी प्राप्त होगा ?
  • उत्तर- हाँ, BSS द्वारा आपकी (फोटो) लगा हुआ आई. कार्ड (प्रमाण-पत्र) के साथ प्राप्त होगा |
  • प्रश्न- प्रमाण-पत्र के लिए हमे कितना शुल्क जमा करना होगा ?
  • उत्तर- प्रमाण-पत्र, आई.डी. कार्ड के लिए 3000/- रूपये प्रति प्रमाण-पत्र जमा करना है |
  • प्रश्न- यह प्रमाण-पत्र कब तक मान्य रहेगा ?
  • उत्तर- यह प्रमाण-पत्र आजीवन मान्य रहेगा |
  • प्रश्न- क्या हमारी कार्य क्षमता को चेक करने हेतु परिक्षण भी किया जायेगा ?
  • उत्तर- हाँ |
  • प्रश्न- उक्त प्रमाण-पत्र का सत्यापन किया जा सकता है ?
  • उत्तर- हाँ, www.bssskillmission.in पर आप अपने प्रमाण-पत्र का सत्यापन कर सकते हैं |
  • प्रश्न- क्या हम प्रमाण-पत्र प्राप्त करने के बाद संक्रमण नियंत्रण एवं ड्रेसिंग सेंटर का
    ग्लोसाइन बोर्ड लगा सकते हैं ?
  • उत्तर- हाँ, आप संक्रमण नियंत्रण (सहायक) एवं ड्रेसिंग सेंटर का ग्लोसाइन बोर्ड लगा सकते
    हैं |
  • प्रश्न- क्या हम ग्लोसाइन बोर्ड पर अपना रजि० नं० लिख सकते हैं ?
  • उत्तर- हाँ, आप प्रमाण-पत्र पर अंकित अपना रजि० नं० ग्लोसाइन बोर्ड पर लिख सकते हैं |
  • प्रश्न- क्या हम ग्लोसाइन बोर्ड पर अपना नाम लिख सकते हैं ?
  • उत्तर- हाँ, आप ग्लोसाइन बोर्ड पर अपने नाम के साथ Dresser एवं Infection Controller Assistant लिख सकते हैं |
  • प्रश्न- क्या हम उक्त प्रमाण-पत्र को हम नौकरी के लिए लगा सकते हैं ?
  • उत्तर- हाँ, बिल्कुल आप उक्त प्रमाण-पत्र का उपयोग नौकरी पाने के लिए कर सकते हैं |
  • प्रश्न- क्या BSS Skill Mission के अंतर्गत मिलने वाले प्रमाण-पत्र को भारत सरकार द्वारा
    सत्यापित कराया जा सकता है ?
  • उत्तर- हाँ, BSS Skill Mission अंतर्गत मिलने वाले प्रमाण-पत्र को आप आवश्यकता पड़ने पर भारत सरकार के विदेश मंत्रालय विभाग से सत्यापित करा सकते हैं |
  • प्रश्न- BSS Skill Mission के अंतर्गत प्राप्त प्रमाण-पत्र का उपयोग हम कहाँ-कहाँ कर सकते हैं ?
  • उत्तर- BSS Skill Mission के अंतर्गत जारी प्रमाण-पत्र का उपयोग आप सम्पूर्ण भारत के अलावा अन्य देशों में भी कर सकते हैं |
  • प्रश्न- उक्त प्रमाण-पत्र को प्राप्त करके हम क्या कर सकते हैं ?
  • उत्तर- BSS Skill Mission के
    अंतर्गत प्रमाण-पत्र प्राप्त करने के उपरांत संक्रमण नियंत्रक (सहायक) एवं ड्रेसर के रूप में आप अपने क्षेत्र में कार्य कर सकते हैं |जिससे संक्रमित
    बीमारियाँ जैसे- मलेरिया, टायफाइड, हैजा, कालरा, पेचिस, सर्दी-जुकाम, बुखार, फोड़ा- फुन्सी, चोट-घाव आदि के संक्रमण फैलने से रोकथाम एवं बचाव कर सकते हैं |